आनंद सिंह द्वारा निर्देशित बॉर्डर 2, सनी देओल, वरुण धवन और दिलजीत दोसांझ अभिनीत, ने अपने पहले हफ्ते में मजबूत प्रदर्शन किया है। फिल्म ने छहवें दिन 13 करोड़ रुपये कमाए, जिससे भारत में कुल संग्रह 213 करोड़ रुपये हो गया। हालांकि, आलोचकों ने इसकी नॉस्टैल्जिया पर निर्भरता की आलोचना की है।
बॉर्डर 2, 1997 की क्लासिक फिल्म बॉर्डर का सीक्वल, 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध पर आधारित है। अनुराग सिंह के निर्देशन में बनी यह फिल्म सनी देओल, वरुण धवन, दिलजीत दोसांझ और आहान शेट्टी जैसे सितारों से सजी है। रिलीज के बाद से यह बॉक्स ऑफिस पर सफल रही है, लेकिन आलोचकों ने इसकी कमियों पर सवाल उठाए हैं।
फिल्म ने पहले दिन 30 करोड़ रुपये की कमाई की और गणतंत्र दिवस पर 59 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड बनाया। छहवें दिन, यानी बुधवार को, संग्रह 13 करोड़ रुपये रहा, जो ओपनिंग वीकेंड के बाद की गिरावट को दर्शाता है। कुल मिलाकर, भारत में 213 करोड़ रुपये का संग्रह हो चुका है, और विश्वव्यापी संग्रह जल्द ही 300 करोड़ रुपये के क्लब में प्रवेश करेगा। इंडिया टुडे के अनुसार, नाइट शोज में ऑक्यूपेंसी सबसे अधिक रही, लेकिन कुल ऑक्यूपेंसी में कमी आई।
आलोचना पक्ष में, इंडियन एक्सप्रेस की समीक्षा में कहा गया कि फिल्म मूल बॉर्डर के गानों, संवादों और क्षणों पर अत्यधिक निर्भर है, जैसे 'संदेशे आते हैं' और आहान शेट्टी के पिता के डायलॉग्स। यह एक ट्रिब्यूट के रूप में सफल है, लेकिन 2026 में युद्ध फिल्में बनाने का उद्देश्य स्पष्ट नहीं करता। समीक्षक ने नोट किया कि फिल्म में हास्य, भावुकता और सैनिकों के बीच बॉन्डिंग के क्षण हैं, लेकिन एक्शन सीक्वेंस फैंटेसीपूर्ण हैं। यह बॉलीवुड की हालिया युद्ध फिल्मों जैसे फाइटर और सम बहादुर की श्रृंखला में फिट बैठती है, लेकिन नई दृष्टि की कमी है।
फिल्म सैनिकों की वीरता का जश्न मनाती है, लेकिन युद्ध की व्यर्थता या भारत-पाकिस्तान संबंधों पर गहराई से नहीं सोचती। बॉक्स ऑफिस पर इसकी सफलता फिल्म उद्योग के लिए सकारात्मक है, लेकिन आलोचकों का मानना है कि यह मूल की तरह यादगार नहीं बनेगी।