अमेरिकी खुफिया एजेंसियों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को चेतावनी दी थी कि ईरान खाड़ी सहयोगियों पर हमला कर सकता है, लेकिन ईरान ने कुवैत और बहरीन सहित कई देशों पर हमले कर युद्ध का दायरा बढ़ा दिया। ट्रंप ने इन हमलों पर 'हैरान' होने की बात कही। होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव बढ़ गया है।
अमेरिका-इजरायल-ईरान युद्ध तेज हो गया है। ईरान ने कतर, सऊदी अरब, यूएई, बहरीन और कुवैत पर ड्रोन व मिसाइल हमले किए। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि वाशिंगटन इन हमलों से 'शॉक्ड' है, हालांकि युद्ध पूर्व अमेरिकी खुफिया रिपोर्टों ने खाड़ी सहयोगियों पर हमले की आशंका जताई थी। ईरान ने हवाई अड्डों, बंदरगाहों और तेल सुविधाओं को निशाना बनाया। होर्मुज जलडमरूमध्य में शिपिंग रुकी हुई है, जो विश्व के 20% तेल की आवाजाही का रास्ता है, जिससे ऊर्जा कीमतें तेजी से बढ़ी हैं। कतर की राजधानी दोहा और तेहरान के अंदरगू और कमरानीयेह इलाकों में धमाके सुने गए। अमेरिकी अधिकारियों ने ट्रंप को होर्मुज बंद करने की चेतावनी दी थी। खाड़ी नेता ईरान की सैन्य क्षमता कमजोर करने को प्राथमिकता मान रहे हैं। अमेरिका खाड़ी देशों से युद्ध समर्थन की मांग कर रहा है। भारत नौसेना होर्मुज में तेल टैंकरों की सुरक्षा के लिए हाई अलर्ट पर है। ईरान के डिप्टी एफएम सईद खतीबजादेह ने कहा कि सुप्रीम लीडर मोज्तबा खामेनेई स्वस्थ हैं। उन्होंने विदेशी सैनिकों की तैनाती को अवैध बताया और बातचीत से इनकार किया। उपराष्ट्रपति जेड वेंस ने ट्रंप के हमलों का समर्थन किया। ट्रंप ने ईरान की लंबे समय की समस्याओं का हवाला दिया।