मुंबई की एक विशेष पॉस्को कोर्ट ने 2018 में कुरला बस स्टैंड के पास 14 वर्षीय लड़के पर यौन हमला करने के लिए 35 वर्षीय व्यक्ति को तीन साल की जेल की सजा सुनाई है। कोर्ट ने लड़के की गवाही को विश्वसनीय पाया, जो पुलिस और स्कूल के सबूतों से समर्थित थी। आरोपी के झूठे फंसाने के दावे को खारिज कर दिया गया।
2018 में मुंबई के कुरला बस स्टैंड के पास एक 35 वर्षीय व्यक्ति ने 14 वर्षीय लड़के पर यौन हमला किया था। इस मामले में विशेष पॉस्को कोर्ट ने हाल ही में आरोपी को तीन साल की सजा सुनाई। कोर्ट ने लड़के की गवाही को विश्वसनीय माना, जो पुलिस जांच और स्कूल के रिकॉर्ड से पुष्टि हुई।
आरोपी ने दावा किया था कि उसे झूठे फंसाया गया है, लेकिन कोर्ट ने इस दावे को खारिज कर दिया। यह मामला पॉस्को अधिनियम के तहत दर्ज किया गया था, जो बच्चों को यौन अपराधों से बचाने के लिए बनाया गया है। सजा 29 नवंबर 2025 को सुनाई गई, जो पीड़ित की गवाही और सहायक सबूतों पर आधारित थी।
यह फैसला मुंबई में ऐसे मामलों में न्याय की प्रक्रिया को मजबूत करने का उदाहरण है, जहां बच्चों की सुरक्षा पर जोर दिया जाता है। कोर्ट ने स्पष्ट रूप से कहा कि सबूत आरोपी के खिलाफ पर्याप्त थे।