पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के लिए भारतीय जनता पार्टी ने साधु, संत और पुजारियों को उम्मीदवार बनाया है। यह रणनीति योगी आदित्यनाथ मॉडल से प्रेरित है, जिसका उद्देश्य धार्मिक प्रभाव से तृणमूल कांग्रेस को चुनौती देना है। कालीगंज, उलुबेरिया दक्षिण, नवद्वीप, बेहाला पूर्व और हासन जैसी सीटों पर ऐसे उम्मीदवार उतारे गए हैं।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के लिए भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 21 मार्च 2026 को अपनी उम्मीदवार सूची में कई संन्यासियों, महंतों और पुजारियों को शामिल किया। यह कदम पार्टी की नई रणनीति का हिस्सा है, जो उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मॉडल पर आधारित है। उद्देश्य धार्मिक समुदायों के प्रभाव का उपयोग कर तृणमूल कांग्रेस (TMC) के खिलाफ वोट बटोरना है। चुनाव परिणाम 4 मई 2026 को घोषित होंगे।