केंद्रीय मंत्रिमंडल ने परीक्षा पेपर लीक के मामलों में दस साल तक की जेल और दस करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान वाले मसौदा विधेयक को मंजूरी दे दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को इसकी घोषणा की थी।
शुक्रवार को मंत्रिमंडल ने फास्ट ट्रैक अदालतों को वैधानिक समर्थन देने और जांच व मुकदमे के लिए पांच महीने की समय सीमा तय करने वाले विधेयक को मंजूरी दी।
मोदी ने गुरुवार आधी रात को इंस्टाग्राम पर वीडियो पोस्ट कर छात्रों को आश्वासन दिया था कि सरकार उनके साथ खड़ी है। उन्होंने कहा था कि पेपर लीक मामूली बात नहीं है।
बुधवार को कैबिनेट बैठक में मोदी ने मंत्रियों को इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर सक्रिय रहने और युवाओं से जुड़ने की सलाह दी थी।
शुक्रवार को मोदी ने एक और वीडियो में लोगों के सकारात्मक सुझावों के लिए धन्यवाद दिया।