एक महिला यात्री के विरोध के कारण केरल राज्य सड़क परिवहन निगम (KSRTC) बस में दिलीप की फिल्म की स्क्रीनिंग रोक दी गई। यह घटना 2017 के मलयालम अभिनेत्री हमला मामले में दिलीप की बरी होने के कुछ दिनों बाद हुई, जिसने यात्रियों के बीच बहस छेड़ दी। सार्वजनिक परिवहन में मनोरंजन विकल्पों पर सवाल उठे हैं।
तिरुवनंतपुरम में एक KSRTC बस पर यात्रियों के बीच मनोरंजन को लेकर विवाद हो गया। बस में दिलीप की एक फिल्म चलाई जा रही थी, जब एक महिला यात्री, संभवतः लक्ष्मी आर शेखर, ने इसका विरोध किया। उन्होंने 2017 के अभिनेत्री हमला मामले में दिलीप की हालिया बरी होने का हवाला देते हुए स्क्रीनिंग रोकने की मांग की।
महिला के विरोध के बाद बस चालक या स्टाफ ने फिल्म बंद कर दी, जिससे अन्य यात्रियों में बहस छिड़ गई। कुछ यात्रियों ने विरोध का समर्थन किया, जबकि अन्य ने इसे व्यक्तिगत राय बताया। यह घटना केरल सेशन कोर्ट के फैसले के ठीक बाद आई, जहां दिलीप को बरी कर दिया गया था।
यह मामला सार्वजनिक परिवहन में फिल्म चयन की नीतियों पर चर्चा को जन्म दे रहा है। KSRTC ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है। घटना ने मलयालम सिनेमा और अभिनेता की छवि से जुड़े मुद्दों को फिर से उजागर किया है।