रविचंद्रन अश्विन ने खुलासा किया कि टेस्ट क्रिकेट से संन्यास के बाद विराट कोहली की टी20 बल्लेबाजी में बड़ा बदलाव आया है। आरसीबी बनाम सीएसके मैच में कोहली ने 18 गेंदों पर 28 रन बनाए, जिसमें नो-लुक छक्का शामिल था। अश्विन और इरफान पठान ने उनकी नई तकनीक की तारीफ की।
रविचंद्रन अश्विन ने कहा कि 2024 में टेस्ट क्रिकेट खेलते समय कोहली की बल्लेबाजी स्थिर रहती थी, जहां उनका सिर और पैर संतुलित रहते थे तथा बैट की मूवमेंट सीमित होती थी।
2026 में कोहली अब बल्ला नीचे रखकर शुरुआत करते हैं और फिर ऊपर लाते हैं। अश्विन ने इसे 'पोटेंशियल एनर्जी' बताया, जिससे बल्लेबाज बेहतर पोजिशन में पहुंचकर बड़े शॉट आसानी से खेल पाते हैं। टेस्ट संन्यास के बाद कोहली को हाथों पर रोक नहीं रखनी पड़ती, जिससे वे ज्यादा फ्री होकर खेल रहे हैं।
आरसीबी बनाम सीएसके मुकाबले में कोहली ने तेज शुरुआत दी। अश्विन के अनुसार, यह बदलाव उनकी आक्रामकता का कारण है।
इरफान पठान ने भी सहमति जताई कि बढ़ी बैकलिफ्ट से कोहली को मोमेंटम और पावर मिल रही है, जिसका असर उनके स्ट्राइक रेट पर दिख रहा है। पठान ने कहा कि गेंदबाज के रन-अप के दौरान स्थिर रहने से बड़े शॉट के लिए मोमेंटम नहीं मिलता।