अमेरिकी व्यापार समझौते के तहत वेनेजुएला से तेल खरीदने की चर्चाओं पर प्रतिक्रिया देते हुए, रूस ने कहा है कि भारत किसी भी देश से तेल खरीदने के लिए स्वतंत्र है। हालांकि, मॉस्को ने नोट किया कि रूसी तेल की मात्रा को बदलना व्यावसायिक रूप से सरल नहीं होगा। भारत अपनी कच्चे तेल की लगभग 88% जरूरत आयात पर निर्भर करता है, जिसमें 2022 के बाद रूसी आपूर्ति महत्वपूर्ण हो गई है।
रूस ने भारत के वेनेजुएला से तेल खरीदने की संभावित चर्चाओं पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि भारत किसी भी देश से तेल खरीदने के लिए स्वतंत्र है। यह बयान अमेरिकी व्यापार समझौते के संदर्भ में आया है, जहां वेनेजुएला से तेल आयात की बात चल रही है।
भारत अपनी कच्चे तेल की लगभग 88% आवश्यकताओं को आयात पर पूरा करता है। 2022 के बाद से रूसी तेल भारत के लिए एक प्रमुख स्रोत बन गया है। मॉस्को ने विविधीकरण की स्वतंत्रता को स्वीकार करते हुए कहा कि रूसी आपूर्ति की मात्रा को बदलना व्यावसायिक रूप से जटिल होगा।
यह प्रतिक्रिया भारत की ऊर्जा सुरक्षा और वैश्विक तेल व्यापार की गतिशीलता को दर्शाती है, जहां रूस एक महत्वपूर्ण भागीदार बना हुआ है।