उत्तर प्रदेश के संभल में अलविदा जुम्मा और ईद-उल-फितर से पहले पुलिस ने ईरान के समर्थन में संभावित विरोध प्रदर्शनों पर सख्ती का ऐलान किया है। क्षेत्राधिकारी कुलदीप कुमार ने शांति समिति की बैठक में चेतावनी दी कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी। नमाज केवल मस्जिदों के अंदर ही अदा की जाएगी।
उत्तर प्रदेश के संभल जिले में ईरान-इजरायल विवाद के बीच अलविदा जुम्मा और ईद-उल-फितर के अवसर पर शांति बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन सतर्क हो गया है। 11 मार्च 2026 को शांति समिति की बैठक में क्षेत्राधिकारी (सीओ) कुलदीप कुमार ने स्पष्ट चेतावनी जारी की। उन्होंने कहा कि ईरान के समर्थन में भावुकता दिखाने वालों को सख्ती से निपटा जाएगा। सीओ ने कहा, 'ईरान के लिए छाती पीटने वालों का बढ़िया इलाज करूंगा।'
बैठक में सिटी मजिस्ट्रेट सुधीर कुमार और इंस्पेक्टर कोतवाली गजेंद्र सिंह भी उपस्थित थे। सीओ ने नारेबाजी या काली पट्टी बांधकर प्रदर्शन करने पर रोक लगाई। उन्होंने जोर देकर कहा कि नमाज केवल मस्जिदों के भीतर ही पढ़ी जाए और सड़कों या सार्वजनिक स्थानों पर नमाज अदा करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज होगा।
इसके अलावा, सोशल मीडिया पर रील बनाने या प्रसिद्धि के लिए माहौल खराब करने वालों पर भी कार्रवाई की चेतावनी दी गई। प्रशासन ने लोगों से अपील की कि त्योहार शांति और भाईचारे के साथ मनाएं और अफवाहों से दूर रहें। यह कदम ईरान के समर्थन में संभावित विरोध की आशंका के कारण उठाया गया है, जहां सीओ ने सलाह दी कि समर्थन भारत के बाहर व्यक्त करें।