सुप्रीम कोर्ट द्वारा स्टर्लिंग बायोटेक लिमिटेड के प्रमोटरों, चेतन जयंतीलाल संदेसरा और नितिन संदेसरा के खिलाफ सभी आपराधिक कार्यवाहियों को रद्द करने की अंतिम मंजूरी देने के छह दिन बाद, दिल्ली की एक अदालत ने मंगलवार को भाइयों के खिलाफ सभी मामलों को बंद कर दिया। यह निर्णय धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे आरोपों से जुड़े मामलों को समाप्त करता है।
संदेसरा भाई, चेतन जयंतीलाल संदेसरा और नितिन संदेसरा, स्टर्लिंग बायोटेक लिमिटेड के प्रमोटर हैं। इनके खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोप लगाए गए थे। सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में इन सभी कार्यवाहियों को रद्द करने की अनुमति दी, जिसके बाद दिल्ली कोर्ट ने मंगलवार को सभी मामलों को औपचारिक रूप से बंद कर दिया।
यह घटना 24 दिसंबर 2025 को रिपोर्ट की गई, जो सुप्रीम कोर्ट के फैसले के ठीक छह दिन बाद हुई। भाइयों पर लगे आरोपों में बैंक ऋणों की हेराफेरी और विदेशों में संपत्ति छिपाने जैसे मामले शामिल थे। अदालत के इस कदम से संबंधित पक्षों को राहत मिली है, हालांकि वित्तीय अनियमितताओं की जांच जारी रह सकती है।