महाराष्ट्र के नासिक जिले में पुलिस ने 31 वर्षीय स्वघोषित गोडमैन माहेशगिरि उर्फ माहेश काकड़े को 28 वर्षीय महिला के यौन शोषण और आपत्तिजनक फोटो खींचने के आरोप में गिरफ्तार किया है। घटना 2024 में हुई थी और स्थानीय अदालत ने उसे 29 अप्रैल तक पुलिस हिरासत में भेज दिया। आंध्रश्रद्धा निर्मूलन समिति के कार्यकर्ताओं की मदद से पीड़िता ने शिकायत दर्ज कराई।
पीड़िता को पारिवारिक समस्याओं के समाधान के लिए उसके माता-पिता 2024 में निफाड़ तहसील के धरंगांव (खड़क) गांव स्थित श्री दत्त देवस्थान मुत्त ले गए थे। वहां उसकी मुलाकात माहेशगिरि से हुई, जिसने दावा किया कि उसके पास दिव्य शक्तियां हैं और वह लोगों का इलाज कर सकता है।
उसने पीड़िता को बताया कि वह बुरी शक्तियों से प्रभावित है और कुछ अनुष्ठान करवाए। इसके बाद उसने उसके मोबाइल पर अश्लील और आपत्तिजनक संदेश भेजने शुरू किए तथा धीरे-धीरे उसका यौन शोषण करने लगा। पुलिस के अनुसार, उसने पीड़िता को एक लॉज ले जाकर उसका यौन उत्पीड़न किया और आपत्तिजनक फोटो खींचे।
पीड़िता ने शुरू में किसी को अपनी व्यथा नहीं बताई। आंध्रश्रद्धा निर्मूलन समिति के कुछ कार्यकर्ताओं को इसकी जानकारी मिली, जिन्होंने उसे भरोसा दिलाया। इसके बाद पीड़िता ने शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने मंगलवार रात बलात्कार का मामला दर्ज किया और महाराष्ट्र प्रिवेंशन एंड एराडिकेशन ऑफ ह्यूमन सैक्रिफाइस एंड अदर इनह्यूमन, ईविल एंड अघोरी प्रैक्टिसेज एंड ब्लैक मैजिक एक्ट, 2013 के तहत भी आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की। गुरुवार रात देर से गिरफ्तारी हुई।